OTP क्या है? OTP का उपयोग क्यों किया जाता है?

क्या आप ये जानते है की OTP Kya Hota Hai ? और OTP Ka Use Kyu Kiya Jata Hai ? अगर नहीं तो इस पोस्ट में हम आपको ये बतायेंगे की OTP Ka Full Form Kya Hai ? और OTP Kaise Kam Karta Hai ?

अगर आप online transaction करते हो तो आप OTP से परिचित ही होंगे, सिर्फ online transaction ही नहीं आपके Mobile Number वेरिफिकेशन या अब तो ऑनलाइन शॉपिंग वेबसाइट भी आपके मोबाइल नंबर पर ओटीपी भेजता है, जो कि 6 संख्या का एक कोड होता है। आइये विस्तार से जानते है ओटीपी के बारे में।

OTP FULL FORM :

सबसे पहले ये जान लेते है की OTP Full Form ( का पूरा नाम ) क्या होता है? OTP Ka Full Form होता है One Time Password.  जिसका हिंदी में मतलब है कि एक समय की कुंजिका। 

OTP Kya Hota Hai? 

What Is OTP In Hindi : ओटीपी एक 6 संख्या को भेजे जानेवाली एक Mobile Verify प्रक्रिया है। आज के डिजिटल युग में जहां एक तरफ हम ज्यादातर अपना सारा काम Smartphone से ही कर लेते है,जैसे की बिना बैंक जाये पैसे ट्रांसफर करना, रिचार्ज या ऑनलाइन शॉपिंग, दूसरी तरफ इसके लिये हम जैसे आम लोगो की सिक्योरिटी के लिये कुछ ऐसा सिस्टम भी होना आवश्यक हो गया था, जिससे हर बार के transaction पर हर बार अलग हो, इसके समाधान स्वरुप एक रास्ता नजर आया जो था Mobile OTP Verification, जो की आम तौर पर हर बार आपके Mobile पर एक 6 अंको का कोड भेजा जाता है, उस कोड के सफलतापूर्वक वेरिफिकेशन के बाद ही आपका online transaction पूर्ण होता है,

OTP Ka Use Kyu Kiya Jata Hai?

जैसे आप ATM से पैसे निकालने या किसी अन्य कार्य के लिए जाते है और सभी जानकारी देने के बाद आपसे ATM PIN पूछा जाता है, ATM PIN डाले बिना या गलत पिन डालने पर आगे की प्रॉसेस नही होती है और सही ATM PIN डालने पर आपका Transition सफल हो जाता है बिलकुल उसी तरह अगर आप Online Transition या अन्य कार्य पर जब तक सही ओटीपी नही देते तबतक आपका कोईभी Transition सफल नही होगा।

जैसे कि आप जानते है अब UIDAI जोकि आधार कार्ड  बनाने तथा कुछ सुधार करने के लिये इस प्रकार OTP भेजकर वेरिफिकेशन करती है।

आम शब्दो में OTP का उपयोग जब आप कोई ऑनलाइन ट्रांसफर या कोई अन्य ट्रांसिक्शन कर रहे होते है तब आपके बैंक अकॉउंट को सेफ्टी प्रदान करने के लिये किया जाता है जिससे किसी फ्रॉड से बचा जाए क्योंकि उस वक्त आपके बैंक रजिस्टर्ड मोबाइल नो पर ही ओटीपी आएगा, अगर आप कोई Online Transition कर रहे हो तो कोई बात नही परंतु ऐसा नही करने की स्थिति में आपको सूचित कर सकता है।

OTP Kaise Kam Karta Hai?

OTP एक पहचान के तौरपर काम करता है। यह किसी व्यक्ति या किसी वेबसाइट जैसे कि E-commerce या अन्य के लिए एक भरोसा और सुरक्षा प्रदान करता है। मान लीजिए किसी  E-commerce वेबसाइट को समान खरीदने वाले व्यक्ति पर भरोसा करना हो कि जो व्यक्ति समान मंगवा रहा है उस व्यक्ति ने जो Mobile No दिया है वह ओटीपी से पता चल जाएगा कि हां यह मोबाइल नंबर एक्टिव है तथा उपयोग में भी है, इस तरह Mobile No. Verification भी हो जाता है।

बिलकुल उसी तरह बात करे बैंकिंग सेक्टर की तो हर बैंक के पास अपने खाताधारकों का फ़ोन नो होता है। जब कोई व्यक्ति ऑनलाइन शॉपिंग, या ट्रांसिक्शन करता है तो प्रॉसेसिंग के दरमियान बैंक उसके रेजिस्टर मोबाइल नंबर पर एक ओटीपी भेजता है। खताधारक के पास OTP आने पर वह डालता है जिससे बैंक को यह पता चल जाता है कि यह काम खाताधारक का ही है और आगे प्रॉसेसिंग होकर लेनदेन प्रक्रिया पूरी हो जाती है। गलत ओटीपी संख्या डालने पर यह प्रक्रिया आगे नही बढ़ती। और खाताधारक के पास में भी ओटीपी आने पर वह भी सचेत हो जाता है। जिससे ऑनलाइन फ्रॉड से बचा जा सकता है।

OTP की खासियत : 

ओटीपी जैसे कि नाम से ही पता चलता है कि One Time Password याने की एक समय मे एक पासवर्ड ही मान्य होता है। अलग अलग समय पर ट्रांसिक्शन दरमियान आपको अलग अलग OTP प्राप्त होते है । जो सुरक्षा की दृष्टि से बेहतर माना जाता है। क्योंकि अगर एक जैसे ही अंक हर बार आनेलगे तो इसका कोई भी फायदा उठा सकता है। इसलिए बहुत सोच विचार कर ऐसे नियम बनाये गए। और यह बात ओटीपी की सबसे बड़ी खासियत साबित होती है।

निष्कर्ष :

इस पूरी पोस्ट को पढ़कर आपको ओटीपी के विषय मे तमाम जानकारी प्राप्त हो चुकी होगी जैसे कि ओटीपी क्या है ? ओटीपी का इस्तेमाल क्यो किया जाता है ? तथा ओटीपी के माध्यम से कैसे सुरक्षित रह सकते है। अगर आपके मन मे ओटीपी के विषय मे कोई सवाल है तो हमे कॉमेंट करे हम जरूर उसका जवाब देंगे। पोस्ट को पूरा पढ़ने के लिए दिल से धन्यवाद। आपका दिन शुभ रहे।